राज्यउत्तर प्रदेश
10वें दीपोत्सव में सरयू तट पर 30 लाख से ज्यादा दीये जगमगाए
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उपराष्ट्रपति सी पी राधाकृष्णन और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के साथ आरती की। दिवाली की पूर्व संध्या पर 2,100 से अधिक पुजारियों की महाआरती और 2,100 ड्रोन का शो हुआ।

मुख्य बातें
- 10वें दीपोत्सव में सरयू के 56 घाटों पर 30 लाख से ज्यादा दीये जलाए गए।
- योगी आदित्यनाथ और उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन 2,100 से अधिक पुजारियों की महाआरती में शामिल हुए।
- 2,100 ड्रोन के शो में रामायण के प्रसंग दिखे; मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर भी निशाना साधा।
अयोध्या में शनिवार शाम, दिवाली की पूर्व संध्या पर, 10वें दीपोत्सव में सरयू किनारे 30 लाख से ज्यादा मिट्टी के दीये जलाए गए। राम की पैड़ी केंद्र में रही और दीये 56 घाटों पर सजे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नदी तट पर आरती की। मुख्य अतिथि उपराष्ट्रपति सी पी राधाकृष्णन और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल उनके साथ रहे। उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और कई संत भी मौजूद थे। सरयू की महाआरती में 2,100 से अधिक पुजारी शामिल हुए।
उत्सव की झलक
सरयू के ऊपर आसमान में 2,100 ड्रोन के शो में रामायण के प्रसंग उकेरे गए, जिनमें भगवान राम की अयोध्या वापसी भी थी। शाम को लेजर शो और 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग भी हुई। डॉ राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय और स्थानीय कॉलेजों के 35,000 से ज्यादा छात्र स्वयंसेवकों ने कई दिनों में दीये सजाए। बताया गया कि गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की टीम ड्रोन और कैमरों से गिनती देख रही थी। नए रिकॉर्ड के प्रमाणन की घोषणा अभी नहीं हुई है।
रामकथा पार्क में थाईलैंड, नेपाल, श्रीलंका, लाओस और दक्षिण अफ्रीका की रामलीला मंडलियों ने प्रस्तुति दी। अयोध्या को तीन सुरक्षा क्षेत्रों में बांटा गया, 2,500 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात रहे और धर्मपथ व रामपथ पर वाहन बंद रहे।
मुख्यमंत्री ने क्या कहा
रामकथा पार्क में सभा को संबोधित करते हुए आदित्यनाथ ने विपक्ष पर निशाना साधा। राम जन्मभूमि आंदोलन का विरोध करने वालों के बारे में उन्होंने कहा: “वे भगवान राम के भक्तों से माफी मांगें, वे संतों से माफी मांगें।” उन्होंने यह भी कहा कि अतीत में अयोध्या में हवाई अड्डा कभी नहीं बन सकता था, और रामलला की प्राण प्रतिष्ठा का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दिया। ये उनके दावे हैं; लिखे जाने तक विपक्ष की प्रतिक्रिया नहीं आई थी।
उन्होंने उपराष्ट्रपति के तमिलनाडु के किसान परिवार से यहां तक पहुंचने की भी सराहना की। दिन में आदित्यनाथ ने अयोध्या के 500 साल के इतिहास पर लगी प्रदर्शनी भी देखी।
दीयों की संख्या हर साल बढ़ी है: 2023 में करीब 22 लाख, 2024 में 25 लाख और 2025 में 26 लाख। दिवाली रविवार को है।