अर्थव्यवस्थाकंपनियां
फ़ोर्टिस हेल्थकेयर की दूसरी तिमाही की आय 17% बढ़कर ₹2,735 करोड़, मुनाफ़ा ₹320 करोड़ पर स्थिर
अस्पताल श्रृंखला ने गुरुवार शाम सितंबर तिमाही के नतीजे जारी किए: अस्पतालों के दम पर बिक्री तेज़ी से बढ़ी, जबकि शुद्ध मुनाफ़ा पिछले साल के स्तर के आसपास रहा।

मुख्य बातें
- जुलाई-सितंबर में समेकित आय 17.3% बढ़कर ₹2,735 करोड़ रही।
- शुद्ध मुनाफ़ा ₹320 करोड़ रहा, जो एक साल पहले के लगभग बराबर है।
- अस्पताल कारोबार की आय 18.6% बढ़कर ₹2,340 करोड़ हुई; डायग्नोस्टिक्स 12.2% बढ़ा।
फ़ोर्टिस हेल्थकेयर ने गुरुवार को जुलाई-सितंबर तिमाही में समेकित आय में 17.3% की बढ़त दर्ज की और यह ₹2,735 करोड़ पर पहुंच गई। अस्पतालों में कारोबार बढ़ने से यह उछाल आया। तिमाही का शुद्ध मुनाफ़ा ₹320 करोड़ रहा।
देश की सबसे बड़ी निजी अस्पताल श्रृंखलाओं में से एक इस कंपनी ने 5 नवंबर 2026 को बोर्ड बैठक के बाद शाम को स्टॉक एक्सचेंजों को नतीजे सौंपे। एक साल पहले की इसी तिमाही में आय करीब ₹2,331 करोड़ थी, जबकि शुद्ध मुनाफ़ा लगभग पिछले साल के बराबर रहा। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी की कमाई में तेज़ उछाल आया था।
तिमाही में मुनाफ़े का मार्जिन 11.7% रहा।
अस्पतालों के दम पर बढ़त
सबसे बड़ा योगदान अस्पताल कारोबार का रहा। इसकी आय 18.6% बढ़कर ₹2,340 करोड़ हुई और मुनाफ़े का मार्जिन 12.1% रहा। देश भर में पैथोलॉजी लैब चलाने वाले डायग्नोस्टिक्स कारोबार की रफ़्तार धीमी रही: इसकी सकल आय 12.2% बढ़कर ₹448 करोड़ हुई, हालांकि मुनाफ़े का मार्जिन सुधरकर 15.2% पर पहुंचा।
वित्त वर्ष की पहली छमाही में समेकित आय एक साल पहले के ₹4,498.16 करोड़ से बढ़कर ₹5,279.86 करोड़ हो गई।
कंपनी पर कर्ज़ का बोझ हल्का बना रहा। सितंबर के अंत में फ़ोर्टिस का शुद्ध कर्ज़ ₹2,188 करोड़ था, जो उसके परिचालन मुनाफ़े का 0.87 गुना है। शुद्ध कर्ज़ और इक्विटी का अनुपात 0.20 रहा।
कंपनी ने यह भी बताया कि उसके पूर्व प्रमोटरों से जुड़े मामलों में एजेंसियों की जांच अभी जारी है और वह सभी एजेंसियों के साथ पूरा सहयोग कर रही है। फ़ाइलिंग में कंपनी ने कहा कि प्रबंधन के मुताबिक इन मामलों का असर बड़ा नहीं है।
फ़ोर्टिस में मलेशिया की आईएचएच हेल्थकेयर की बहुमत हिस्सेदारी है। शुक्रवार को बाज़ार खुलने पर कंपनी के शेयर इन नतीजों पर प्रतिक्रिया देंगे।