सोमवार, 2 नवंबर
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सेंसेक्स 75,692.78 +1.66%निफ्टी 50 23,440.80 +1.68%₹ / $ 94.86

अर्थव्यवस्थाबाज़ार

सेंसेक्स 1,233 अंक उछलकर 75,692 पर, रिलायंस 11.6% चढ़ा, तेल नरम

निफ्टी 1.68% की बढ़त के साथ 23,440.80 पर बंद हुआ। लगातार तीसरे दिन की तेज़ी में तेल और धातु शेयर आगे रहे, जबकि इंफोसिस सबसे ज़्यादा फिसला।

संपादकीय डेस्क से · मुंबईप्रकाशित
मुंबई में बीएसई का भवन फिरोज़ जीजीभॉय टावर्स (फ़ाइल फ़ोटो)
मुंबई में बीएसई का भवन फिरोज़ जीजीभॉय टावर्स (फ़ाइल फ़ोटो)Photo: Appaiah / Wikimedia Commons, CC BY-SA 2.0

मुख्य बातें

  1. सेंसेक्स 1,233.25 अंक चढ़कर 75,692.78 पर बंद हुआ, यानी 1.66% की बढ़त।
  2. रिलायंस इंडस्ट्रीज़ 11.6% चढ़ा और निफ्टी 50 का सबसे बड़ा विजेता रहा।
  3. कच्चा तेल करीब 108 डॉलर प्रति बैरल पर आने से निफ्टी ऑयल एंड गैस सूचकांक 5.95% उछला।

रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के तिमाही मुनाफ़े में 41% की छलांग और कच्चे तेल की गिरती कीमतों के दम पर सोमवार को भारतीय शेयर बाज़ार सुबह के ऊंचे स्तरों से भी ऊपर बंद हुए। यह लगातार तीसरा दिन था जब प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुए।

सेंसेक्स 75,692.78 पर बंद हुआ, 1,233.25 अंक यानी 1.66% ऊपर। निफ्टी 50 387.70 अंक या 1.68% चढ़कर 23,440.80 पर बंद हुआ। दोपहर की शुरुआत डगमग रही थी: दोपहर 2 बजे आईटी शेयरों के दबाव में सेंसेक्स सिर्फ़ 652 अंक ऊपर 75,111.79 पर था। आख़िरी डेढ़ घंटे में ख़रीदारी लौटी और सूचकांक सुबह के 75,557.06 के शिखर को पार कर गया।

रिलायंस ने उठाया सबसे ज़्यादा भार

रिलायंस इंडस्ट्रीज़ 11.6% चढ़ा, जो निफ्टी 50 में सबसे बड़ी बढ़त थी और इस तेज़ी के पीछे सबसे बड़ा अकेला सहारा भी। कंपनी के मालिकों के हिस्से का सितंबर तिमाही का मुनाफ़ा पिछले साल के मुकाबले 41% बढ़कर ₹25,548 करोड़ रहा, जिसमें ऑयल-टू-केमिकल्स कारोबार आगे रहा।

इसका असर पूरे ऊर्जा क्षेत्र पर दिखा। निफ्टी ऑयल एंड गैस सूचकांक 5.95% चढ़ा। कच्चा तेल करीब 108 डॉलर प्रति बैरल पर रहा, जो पिछले हफ़्ते के 117 डॉलर के शिखर से नीचे है।

धातु और ऑटो शेयर भी चमके

स्टील कंपनियां ठीक पीछे रहीं। टाटा स्टील 5.83% चढ़ा और जेएसडब्ल्यू स्टील 5.13%, जिससे निफ्टी मेटल सूचकांक 3.21% ऊपर गया। श्रीराम फ़ाइनेंस और कोल इंडिया दोनों में 4.88% की बढ़त रही।

अक्टूबर की बिक्री के आंकड़ों के बाद कार कंपनियों के शेयर भी चढ़े। घरेलू यात्री वाहनों की डिस्पैच पहली बार 5 लाख यूनिट के पार गई। निफ्टी ऑटो 1.33%, कंज़्यूमर ड्यूरेबल्स 2.7% और पीएसयू बैंक सूचकांक 1.36% चढ़े।

तेज़ी व्यापक रही। एनएसई पर कारोबार वाले 3,713 शेयरों में से 2,445 चढ़े और 1,164 गिरे, और निफ्टी के 50 में से 38 शेयर बढ़त पर बंद हुए। निफ्टी मिडकैप 100 में 1.19% और स्मॉलकैप 100 में 0.71% की बढ़त रही। बंद होने पर एनएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का कुल बाज़ार मूल्य ₹478.39 लाख करोड़ रहा।

इंफोसिस लाल निशान में

पूरे दिन टेक्नोलॉजी कमज़ोर कड़ी रही। इंफोसिस 2.03% गिरा और निफ्टी में सबसे पीछे रहा। उसके बाद आईसीआईसीआई बैंक, डॉ. रेड्डीज़ लैबोरेटरीज़, कोटक महिंद्रा बैंक और एक्सिस बैंक रहे, जो सभी 1% से कम गिरे।

विदेशी निवेशकों ने पिछले हफ़्ते करीब ₹6,300 करोड़ के भारतीय शेयर ख़रीदे थे, जबकि 2026 में अब तक उनकी शुद्ध निकासी ₹2.95 लाख करोड़ तक पहुंच चुकी है। एशियाई बाज़ार मिले-जुले रहे: सोल का कॉस्पी 2.19% चढ़ा और जापान का निक्केई मामूली गिरा। बाज़ार में संभावित उतार-चढ़ाव का पैमाना इंडिया विक्स 1.37% बढ़कर 15.51 पर रहा।

सितंबर तिमाही के नतीजों का सिलसिला मंगलवार को भी जारी रहेगा, जब भारतीय स्टेट बैंक समेत कई कंपनियां नतीजे घोषित करेंगी।